सुख की चाहत

सुख की चाहत

एक बार की बात है की एक शहर में बहुत अमीर सेठ रहता था| अत्यधिक धनी होने पर भी वह हमेशा दुखी ही रहता था| एक दिन ज़्यादा परेशान होकर वह एक ऋ...
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मर्यादा - Dignity

जय श्री सच्चिदानंद जी  मर्यादा सर्वप्रथम मन में होनी चाहिये एक बार भगवान बुद्ध के दो शिष्य उनसे मिलने जा रहे थे| पूरे दिन का सफर...
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Paras Stone - पारस पत्थर

जय श्री सच्चिदानंद जी कहते हैं कि सिकंदरिया की महान लाइब्रेरी में जब भीषण आग लग गयी तब केवल एक ही किताब आग से बच पाई। वह कोई महत्वप...
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Scissors and needle - कैंची और सुई

जय श्री सच्चिदानंद जी यह कथा महान सूफी संत फ़रीद के बारे में है. एक बार कोई राजा फ़रीद से मिलने के लिए आया और अपने साथ उपहार में स...
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Work with the brain - मेहनत संग दिमाग

जय श्री सच्चिदानंद जी एक नवयुवक और कुछ बुजुर्ग लकड़हारे जंगल में पेड़ काट रहे थे. युवक बहुत मेहनती था. वह बिना रुके लगातार काम कर रह...
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Conditions permit - परिस्तिथियाँ

जय श्री  सच्चिदानंद जी जिस तरह अशुद्ध सोने को भट्ठी में गलाने से उसकी  अशुद्धियाँ पिघलकर बाहर निकल जाती हैं और भट्ठी में केवल शुद...
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Which heats the shines - जो तपता है वही निखरता है

 जय श्री सच्चिदानंद जी  संत वाणी - 172 यह हम सभी जानते हैं कि खरे सोने की कीमत बहुत होती है, पर मिलावटी सोने की कीमत घट जाती है।...
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Diversion targets - लक्ष्य का भटकाव

जय श्री सच्चिदानंद जी लक्ष्य के अभाव में हमारी 99 प्रतिशत शक्तियाँ इधर-उधर बिखरकर नष्ट हो जातीं हैं।  आध्यात्मिक आदर्श के अभाव मे...
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Where is God? - कहाँ हैं भगवान ?

   जय श्री सच्चिदानंद जी  एक आदमी हमेशा की तरह अपने नाई की दूकान पर बाल कटवाने गया. बाल कटाते वक़्त अक्सर देश-दुनिया की बातें हुआ ...
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Six transformation of the soul - आत्मा के छह परिवर्तन

गुणात्मक दृष्टि से, परमात्मा का अणु-अंश परम से अभिन्न है।  यह शरीर की भांति विकारी नहीं है।  कभी-कभी आत्मा को स्थायी या कूटस्थ कहा जाता...
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Spirit of Life and Death - आत्मा का जीवन और मृत्यु

जब देहधारी जीव को किसी घातक हथियार से आघात पहुचाया जाता है तो यह समझ लेना चाहिए कि शरीर के भीतर जो जीवात्मा हैं वो नहीं मरी।  आत्मा इतन...
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Get rid of selfishness - स्वार्थ से छुटकारा

 जय श्री सच्चिदानंद जी  एक बार श्रावस्ती में भयंकर अकाल पड़ा।  कई लोग भूख से तड़पकर मर गए। सबसे चिंताजनक स्थिति उन माताओं की थी,  ज...
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